आवास विकास के जीवन ज्योति हास्पिटल की लिफ्ट में गुरुवार दोपहर अचानक खराबी आ गई। लिफ्ट में ऊपर से नीचे की ओर आ रहे एक मरीज के साथ पांच तीमारदार लिफ्ट में फंसने के बाद मदद को चीखते रहे।
पहले हास्पिटल के कर्मचारी पहुंचे फिर पुलिस, लेकिन कोई कुछ नहीं कर सका। ग्राइंडर की मदद से पुलिस ने लिफ्ट का दरवाजा कटवाया। इसके बाद उसमें फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला जा सका। लिफ्ट में फंसे रहने के कारण मरीज की हालत बिगड़ गई।
आनन-फानन में डाक्टरों ने उसे उपचार दिया। हालत में सुधार होने पर राहत की सांस ली। अंगूठी गांव निवासी रसीद खान को परिवार के ही रहमान खान व हमीद खान सांस लेने में दिक्कत होने पर जीवन ज्योति हास्पिटल लेकर आए थे।
इलाज के दौरान दोनों युवक रसीद को चौथी मंजिल से ग्राउंड फ्लोर पर लिफ्ट से ला रहे थे। लिफ्ट रेनू और कमला भी थीं। दोपहर साढ़े तीन बजे लिफ्ट नीचे आते समय पहली और दूसरी मंजिल के बीच में अचानक रुक गई।
इस पर लिफ्ट में सवार लोगों ने दरवाजा पीटते हुए शोर मचाना शुरू किया। साथ ही अपने स्वजन को फोन किए। लिफ्ट में लोगों के फंसे होने की जानकारी होते ही हास्पिटल में अफरा-तफरी मच गई।
लिफ्ट में फंसे लोगों की सूचना पर जगदीशपुरा थाना पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। लिफ्ट को नीचे लाने का प्रयास किया गया, लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद लोहा काटने वालो को मौके पर बुलाया गया। उसने ग्राइंडर की मदद से लिफ्ट का दरवाजा काटा।
इसके बाद उसमें फंसे हुए लोगों को बाहर निकाला गया। लिफ्ट में फंसे रसीद खान की पहले से ही हालत गंभीर थी। अंदर सांस लेने में दिक्कत होने पर उनकी हालत और बिगड़ गई। डाक्टर ने उन्हें तत्काल उपचार दिया। कुछ देर बाद उनकी हालत में सुधार हुआ।
लिफ्ट में फंसे अन्य लोग भी घबरा गए थे। लिफ्ट में फंसे लोगों का कहना था कि गर्मी से बेहाल होने के साथ ही दम घुटने लगा था। गनीमत रही सुरक्षित बाहर निकल आए। हास्पिटल संचालक डा. संजय अग्रवाल ने बताया कि लिफ्ट में तकनीकी खामी आ गई थी।
उसमें फंसे लोगों को तत्काल निकाल लिया गया था। समय-समय पर लिफ्ट की सर्विस होती रहती है। इंस्पेक्टर जगदीशपुरा प्रदीप कुमार ने बताया करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद लिफ्ट में फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला जा सका। किसी भी पक्ष ने शिकायत नहीं की है।
सार्वजनिक स्थल पर लिफ्ट संचालन के ये हैं नियम
- लिफ्ट के संचालन के लिए ऑपरेटर की तैनाती होनी चाहिए।
- समय-समय पर लिफ्ट की सर्विस होनी चाहिए।
- आपात स्थिति के लिए अलार्म या काॅल बटन होना चाहिए।
- लिफ्ट की निर्धारित क्षमता से अधिक भार न डालें।
