तकनीकी जगत में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के बढ़ते प्रभुत्व के कारण लगातार हो रहे बदलाव बीच गूगल ने अपने वैश्विक व्यापार संगठन (GBO) के कर्मचारियों के लिए स्वैच्छिक निकास पैकेज (VEP) के एक नए दौर की घोषणा की है।
दरअसल, गूगल के मुख्य व्यापार अधिकारी, फिलिप शेंडलर ने स्पष्ट किया है कि कि कर्मचारी को एआई मिशन के साथ पूरी तरह जोड़ना होगा, कंपनी अब केवल उन पेशेवरों के साथ आगे बढ़ना चाहती है जो गूगल के ‘AI-प्रथम’ मिशन के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं।
एक साल में तीसरी बार ऐसा
वहीं, ऐसे कर्मचारियों जो खुद को तेज रफ्तार माहौल में नहीं ढाल पा रहे हैं, उन्हें सम्मानजनक तरीके से कंपनी छोड़ने का मौका दिया जा रहा है। यह एक साल के भीतर गूगल की तीसरी ऐसी योजना है, जो दर्शाती है कि कंपनी बिना जबरन छंटनी के अपने कार्यबल को भविष्य की चुनौतियों के अनुरूप ढालने की कोशिश कर रही है।
स्वेच्छा से कंपनी छोड़ने का निर्देश
बिजनेस इनसाइडर के अनुसार, गूगल के मुख्य व्यवसाय अधिकारी फिलिप शेंडलर ने एक आंतरिक ज्ञापन में कहा कि वैश्विक व्यापार संगठन (जीबीओ) इकाई के कुछ कर्मचारी स्वैच्छिक रूप से कंपनी छोड़ने का विकल्प चुन सकते हैं।
फिलिप शेंडलर ने ज्ञापन में लिखा, “आपने 2025 में जो कुछ भी हासिल किया, उसके बदौलत हम साल की शुरुआत एक मजबूत स्थिति में कर रहे हैं। लेकिन खेल गतिशील है, गति बहुत तीव्र है और दांव बहुत ऊंचे हैं।”
AI-फर्स्ट पर फोकस
गूगल के अधिकारी फिलिप शेंडलर ने स्पष्ट किया है कि सभी कर्मचारियों को एआई (AI-फर्स्ट) को पूरी तरह से अपनाकर और भी अधिक प्रभाव डालने की आवश्यकता है। गूगल की ओर से सीधे तौर पर यह अल्टीमेटम उन कर्मचारियों को दिया गया है, जो गूगल के तेजी से AI के बढ़ते प्रभुत्व के साथ तालमेल बिठाने में असमर्थ महसूस कर रहे हैं।
