फर्जी शस्त्र लाइसेंस प्रकरण में आरोपित मोहम्मद जैद व अरशद को कोर्ट से झटका लगा है। जिला जज ने दोनों आरोपितों की अग्रिम जमानत प्रार्थना पत्र को खारिज करने के आदेश दिए हैं। अब दोनों आरोपितों पर गिरफ्तारी की तलवार लटक रही है।
नाई की मंडी थाने में 24 मई 2025 को एसटीएफ इंस्पेक्टर यतींद्र शर्मा की जांच रिपोर्ट के बाद धोखाधड़ी, फर्जी दस्तावेज तैयार करने और आर्म्स एक्ट की धारा में मुकदमा दर्ज किया गया था।
इसमें नेशनल शूटर मोहम्मद अरशद, कारपेट कारोबारी मोहम्मद जैद, प्रापर्टी डीलर भूपेंद्र सारस्वत, राजेश बघेल, शिव कुमार सारस्वत, टीवी चैनल के पत्रकार शोभित चतुर्वेदी और शस्त्र लिपिक संजय कपूर को नामजद किया गया था।
एसटीएफ की ओर से इस मामले की जांच की जा रही है। आरोपित अरशद खान और मोहम्मद जैद ने जिला जज के अदालत में अग्रिम जमानत के लिए प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया था।
अरशद खान ने प्रार्थना पत्र में अपनी जन्म तिथि दिनांक 15 जनवरी 1985 अंकित करा शूटिंग प्रतियोगिता मे लाभ अर्जित करने के संबंध में कहा कि कोई लाभ अर्जित नहीं किया, त्रुटिवश उक्त दिनांक अंकित हो गई थी। वह शूटिंग का नेशनल चैंपियन है।
