अक्सर जब हम तनाव महसूस करते हैं, तो हमें लगता है कि इसका कारण केवल बाहरी परिस्थितियां या हमारी ओवरथिंकिंग हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि आपकी आंत में रहने वाले बैक्टीरिया भी आपके मानसिक तनाव के लिए जिम्मेदार हो सकते हैं?
वियना यूनिवर्सिटी के रिसर्चर्स ने एक चौंकाने वाले अध्ययन में यह खुलासा किया है कि हमारी आंतों का माइक्रोबायोम हमारे तनाव लेने के तरीके को सीधे प्रभावित करता है। आइए समझें कैसे।
आंत का माइक्रोबायोम क्या है?
हमारी आंतों में लाखों-करोड़ों माइक्रोब्स रहते हैं, जिन्हें गट माइक्रोबायोम कहा जाता है। ये माइक्रोब्स केवल खाना पचाने का काम नहीं करते, बल्कि ये हमारे मेटाबोलिज्म और इम्यून सिस्टम को बेहतर तरीके से चलाने में भी अहम भूमिका निभाते हैं। सबसे दिलचस्प बात यह है कि ये माइक्रोब्स अलग-अलग माध्यम से सीधे हमारे दिमाग से जुड़े होते हैं।
रिसर्च में क्या पता चला?
वियना यूनिवर्सिटी की रिसर्च में पहली बार यह पाया गया है कि वयस्कों में आंत के बैक्टीरिया की विविधता और उनके बनाए जाने वाले मेटाबोलिक पदार्थों का तनाव से गहरा संबंध है। शोधकर्ताओं ने पाया कि जिन लोगों की आंतों में सूक्ष्मजीवों की विविधता ज्यादा होती है, उनकी हार्मोनल और व्यक्तिगत तनाव प्रतिक्रिया भी उसी के अनुरूप होती है। आसान शब्दों में कहें तो, आपकी आंत में मौजूद बैक्टीरिया की विविधता यह तय कर सकती है कि आप किसी तनावपूर्ण स्थिति में कितनी तेजी से रिएक्शन देंगे।
