आगरा में फर्जी जॉब कॉल सेंटर का भंडाफोड़, 2500 से ज्यादा बेरोजगारों से 2 करोड़ की ठगी का आरोप

आगरा में बेरोजगार युवाओं को नौकरी का झांसा देकर ठगी करने वाले एक फर्जी कॉल सेंटर का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। ताजगंज के बसई चौकी क्षेत्र स्थित आरके पुरम में किराए के फ्लैट से यह कॉल सेंटर करीब दो साल से संचालित होने की बात सामने आई है। पुलिस ने मामले में दो युवकों और दो युवतियों समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। 

पुलिस के मुताबिक, आरोपी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक और इंस्टाग्राम पर प्रतिष्ठित सिक्योरिटी कंपनियों के नाम से नौकरी के फर्जी विज्ञापन डालते थे। इन विज्ञापनों में सिक्योरिटी गार्ड और सुपरवाइजर की नौकरी के साथ 20 से 30 हजार रुपये महीने तक वेतन देने का दावा किया जाता था।

विज्ञापन देखकर जब बेरोजगार युवक दिए गए नंबरों पर संपर्क करते थे, तो कॉल सेंटर में काम करने वाली युवतियां उनसे बातचीत करती थीं। नौकरी दिलाने के नाम पर उम्मीदवारों से 8,800 रुपये क्यूआर कोड के जरिए जमा कराए जाते थे। रकम मिलने के बाद नौकरी देने का झांसा दिया जाता था, लेकिन नौकरी नहीं दी जाती थी। 

पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि इस गिरोह ने करीब दो वर्षों में 15 राज्यों के 2,500 से ज्यादा बेरोजगार युवाओं को अपना शिकार बनाया और ठगी की रकम दो करोड़ रुपये से अधिक बताई जा रही है। एनसीआरपी पोर्टल पर भी इस गिरोह से जुड़ी 100 से ज्यादा शिकायतें सामने आने की बात पुलिस ने कही है। 

पुलिस ने शनिवार रात आरके पुरम स्थित फ्लैट पर छापा मारकर अजय कुमार, तरुण कुमार और कॉल सेंटर में काम करने वाली प्रीति और भावना को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार तरुण कुमार इस गिरोह का कथित सरगना है।

छापेमारी के दौरान पुलिस को 10 मोबाइल फोन, 32 बैंक पासबुक, 28 डेबिट और क्रेडिट कार्ड, 8 सिम कार्ड, 7 आधार कार्ड, 6 पैन कार्ड, 12 क्यूआर कोड स्कैनर, लैपटॉप, कंप्यूटर और कई फर्जी दस्तावेज मिले। इसके अलावा सिक्योरिटी कंपनी के आईडी कार्ड, सैलरी स्लिप, गेट पास और बैनर भी बरामद किए गए हैं। 

पुलिस के मुताबिक, कॉल सेंटर में काम करने वाली दोनों युवतियों को करीब 9 हजार रुपये मासिक वेतन दिया जाता था। इसके अलावा किसी बेरोजगार से उनके जरिए रकम ट्रांसफर होने पर उन्हें इंसेंटिव भी मिलता था। 

पुलिस अब बरामद बैंक खातों, मोबाइल फोन, क्यूआर कोड और दस्तावेजों की जांच कर रही है। जांच में यह भी पता लगाया जा रहा है कि इस नेटवर्क में और कितने लोग शामिल हैं और ठगी की रकम किन खातों में पहुंचाई जाती थी।

पुलिस ने लोगों से अपील की है कि सोशल मीडिया पर मिलने वाले नौकरी के विज्ञापनों पर आंख मूंदकर भरोसा न करें। किसी भी नौकरी के लिए पैसे मांगे जाने पर पहले संबंधित कंपनी और उसके भर्ती प्रक्रिया की पूरी जानकारी जांच लें। साइबर ठगी होने पर तुरंत 1930 साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत करने की अपील की गई है। 

Hot this week

Thailand में भारत की सेपक टकराव टीम ने जीता Bronze Medal, Asian Games से पहले बढ़ा आत्मविश्वास

नई दिल्ली। भारतीय पुरुष क्वाड्रेंट टीम ने थाईलैंड में...

आगरा में तेज रफ्तार ट्रक ने 3 बाइकों को मारी टक्कर, पति-पत्नी की मौत; 3 घायल

आगरा। खंदौली-एत्मादपुर मार्ग पर रविवार रात एक दर्दनाक सड़क...

Topics

Thailand में भारत की सेपक टकराव टीम ने जीता Bronze Medal, Asian Games से पहले बढ़ा आत्मविश्वास

नई दिल्ली। भारतीय पुरुष क्वाड्रेंट टीम ने थाईलैंड में...

आगरा में तेज रफ्तार ट्रक ने 3 बाइकों को मारी टक्कर, पति-पत्नी की मौत; 3 घायल

आगरा। खंदौली-एत्मादपुर मार्ग पर रविवार रात एक दर्दनाक सड़क...

जिनेवा में UN को भारत ने सौंपे 5 मोर, दुर्लभ सफेद पंखों वाले मोर ने खींचा ध्यान

जिनेवा। भारत ने जिनेवा स्थित संयुक्त राष्ट्र कार्यालय को...
spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img