हावर्ड में संस्कृत का कोर्स और ‘हिंदूफोबिया’ का आरोप… इंटरनेशनल लेवल पर मचा हंगामा

हार्वर्ड यूनिवर्सिटी की दक्षिण एशियाई अध्ययन विभाग की वेबसाइट पर प्रदर्शित एक कलाकृति को लेकर ऑनलाइन विवाद खड़ा हो गया है। इस कलाकृति पर तीखी आलोचना और पक्षपात के आरोप लग रहे हैं।

कोएलिशन ऑफ हिंदुज ऑफ नॉर्थ अमेरिका ने इस बहस को तब हवा दी जब उन्होंने विश्वविद्यालय पर अपने प्रारंभिक संस्कृत पाठ्यक्रम के लिए उपयोग किए गए दृश्य में कट्टर हिंदूफोबिया का आरोप लगाया।

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर संगठन ने विश्वविद्यालय पर कट्टरता का आरोप लगाते हुए कहा कि इस्तेमाल की गई छवि किसी डरावनी फिल्म जैसी लगती है, जिसमें तिलक लगाए हुए एक सांवले हिंदू पात्र को अपने हाथों में किसी तरह की भूतिया आकृतियों को लटकाते हुए दिखाया गया है।

विवाद के मुख्य बिंदु

संगठन ने आरोप लगाया कि संस्कृत, जो हिंदू धर्म की पवित्र भाषा है, उसे छात्रों के सामने अंधेरे, जोड़-तोड़ और दमनकारी तरीके से पेश किया जा रहा है। संगठन ने 2020 की एक घटना का भी उल्लेख किया जब हार्वर्ड यूनिवर्सिटी प्रेस ने जाति पर प्रोफेसर अजंता सुब्रमण्यम की पुस्तक को बढ़ावा देने के लिए एक और हिंदूफोबिक कार्टून का उपयोग किया था।उनका दावा है कि विश्वविद्यालय में हिंदूफोबिया का एक लंबा इतिहास रहा है। कई सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं ने विश्वविद्यालय से माफी की मांग की और पूछा कि क्या वह अन्य धर्मों के साथ भी इसी तरह का व्यवहार करता है। इस पोस्ट ने ऑनलाइन एक जोरदार बहस छेड़ दी, जिसमें कई यूजर्स ने यूनिवर्सिटी पर हिंदुओं के खिलाफ भेदभाव करने का आरोप लगाया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *